भारत और इंडोनेशिया के बीच रक्षा सहयोग को मजबूती देते हुए दोनों देशों की सेनाओं ने मंगलवार को इंडोनेशिया के पूर्वी जावा में संयुक्त सैन्य अभ्यास ‘गरुड़ शक्ति 2026’ का अंतिम सत्यापन अभ्यास शुरू किया।
जकार्ता स्थित भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर बताया कि भारतीय सेना और इंडोनेशियाई सेना (टीएनआई-एडी) के विशेष बलों के बीच 48 घंटे तक चलने वाले इस अभ्यास में कठिन परिचालन परिस्थितियों में सैनिकों की विशेष युद्ध कौशल का परीक्षण किया जाएगा। इसके साथ ही उनकी सहनशक्ति, सामरिक समन्वय और दबाव में निर्णय लेने की क्षमता का भी आकलन किया जाएगा।
दूतावास के अनुसार, पूर्वी जावा के चुनौतीपूर्ण और घने जंगलों वाले इलाके में शुरू हुए इस अभ्यास में सैनिक पिछले एक सप्ताह के दौरान सीखे गए कौशल का प्रदर्शन करेंगे। इनमें निशानेबाजी, पर्वतारोहण, हेलीकॉप्टर के जरिए अभियान, गश्त और युद्ध क्षेत्र में लक्ष्य का पीछा करने जैसी गतिविधियां शामिल हैं।
दूतावास ने कहा कि वास्तविक परिस्थितियों पर आधारित इस अभ्यास में दोनों देशों के विशेष बलों को कठिन परिस्थितियों में एक टीम के रूप में काम करना होगा। इसका उद्देश्य इस संस्करण के दौरान हासिल की गई उपलब्धियों को मजबूत करना और भविष्य में जटिल संयुक्त अभियानों के लिए सैनिकों को तैयार करना है।
इससे पहले शनिवार को भारत और इंडोनेशिया की सेनाओं ने इंडोनेशिया के बन्युवांगी में जंगलों के बीच युद्ध क्षेत्र में लक्ष्य का पता लगाने और उसका पीछा करने का अभ्यास किया था। भारतीय दूतावास के अनुसार, इस प्रशिक्षण में जमीन की बनावट और निशानों का विशेष तरीके से अध्ययन कर लक्ष्य का पता लगाने पर ध्यान दिया गया।
इस दौरान दोनों देशों के विशेष बलों को घने जंगलों में निगरानी, टोही और परिस्थितियों की जानकारी जुटाने के लिए ड्रोन के परिचालन उपयोग का प्रशिक्षण भी दिया गया। इसमें पारंपरिक सैन्य कौशल के साथ आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल पर जोर दिया गया।
भारतीय दूतावास ने बताया कि छठे दिन के अभ्यास में सैनिकों को पारंपरिक युद्ध कौशल और विशेष तकनीकों से परिचित कराया गया, ताकि जंगलों में किसी भी गतिविधि या खतरे का पता लगाने में कोई चूक न हो।
रक्षा मंत्रालय के अनुसार, भारत-इंडोनेशिया संयुक्त विशेष बल अभ्यास ‘गरुड़ शक्ति’ की शुरुआत 27 अक्टूबर को इंडोनेशिया के बन्युवांगी में हुई थी। दोनों देशों के विशेष बल 6 नवंबर तक जंगलों में युद्ध संचालन का प्रशिक्षण लेंगे।
भारतीय दल में पैराशूट रेजिमेंट (विशेष बल) के सैनिक शामिल हैं, जबकि इंडोनेशिया की ओर से वहां के विशेष बलों के जवान हिस्सा ले रहे हैं।







