प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज नई दिल्ली में "पर्यावरण और जलवायु गतिशीलता का भविष्य" विषय पर आयोजित अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन का उद्घाटन करेंगे।
दो दिवसीय सम्मेलन का आयोजन राष्ट्रीय हरित न्यायाधिकरण द्वारा किया जा रहा है। इसमें पर्यावरण विशेषज्ञ, सर्वोच्च न्यायालय और उच्च न्यायालयों के न्यायाधीश तथा जिला न्यायालयों के न्यायाधीश शामिल होंगे। विभिन्न मंत्रालयों के सचिव और वरिष्ठ सरकारी अधिकारी भी इस कार्यक्रम में भाग लेंगे।
इस सम्मेलन में राज्य न्यायिक अकादमियों, राज्य कानूनी सेवा प्राधिकरणों, राज्य विशेषज्ञ मूल्यांकन समितियों, राज्य पर्यावरण प्रभाव आकलन प्राधिकरणों और राज्य आर्द्रभूमि प्राधिकरणों के प्रतिनिधि भाग लेंगे। इसमें 17 देशों के प्रतिष्ठित न्यायाधीश और न्यायिक प्रतिनिधि भी शामिल होंगे।
यह सम्मेलन न्यायिक दृष्टिकोण, वैज्ञानिक ज्ञान, पर्यावरण शासन प्रथाओं और संस्थागत अनुभवों के आदान-प्रदान के लिए एक मंच प्रदान करेगा। प्रतिभागी प्रमुख पर्यावरणीय और जलवायु चुनौतियों पर चर्चा करेंगे, जिनमें नीति निर्माण, कार्यान्वयन और प्रवर्तन में कमियां शामिल हैं। सम्मेलन पर्यावरण शासन और संस्थागत सहयोग को मजबूत करने के तरीकों पर भी विचार करेगा।







